अपने बच्चे को जिम्मेदार बनाने के लिए parenting tips।

अपने बच्चे को जिम्मेदार बनाने के लिए parenting tips।

अपने बच्चे को जिम्मेदार बनाने के लिए पैरेंटिंग टिप्स

बच्चों में जिम्मेदारी और भागीदारी की भावना विकसित करना हर माता-पिता का सपना होता है।

वे अपने बच्चों की परवरिश अच्छे नैतिक मूल्यों के आधार पर करते हैं। हालांकि, यह एक आसान नहीं होता है।

अक्सर माता-पिता को यह पता नहीं होता कि बच्चों के अंदर जिम्मेदारी की भावना कैसे विकसित करें।

इसलिए, यहां बच्चों में जिम्मेदारी की भावना विकसित करने के लिए कुछ सुझाव दिए गए हैं।

1. उन्हें घर के दैनिक कामों में मदद करने के लिए प्रोत्साहित करें:

कई तरीके हैं, जहाँ माता-पिता बच्चों से घर पर दैनिक कार्य करवाने के लिए मदद ले सकते हैं।

जब बच्चे अपने माता-पिता की मदद करते हैं, तो उन्हें उपलब्धि का अहसास होता है।

वे कार्य को पूरा करने में सहयोग के महत्व को सीखते हैं।

बच्चे (2-7 वर्ष), एक अलग कमरे से समाचार पत्रों जैसे सामान माता-पिता के लिए लाकर माता-पिता की मदद कर सकते हैं।

एक गिलास पानी ला सकते  हैं और छोटे भाई के साथ खेल सकते हैं ताकि माता-पिता थोड़ी देर के लिए आराम कर सकें।

बड़े बच्चे (8-12 वर्ष) खाना पकाने, वार्डरोब साफ करने, पौधों को पानी देने, आसपास की दुकानों से सामान लाने आदि में मदद कर सकते हैं।बच्चों को बड़ों की मदद करने के लिए प्रोत्साहित करें।

घर पर या पड़ोस में बुजुर्ग लोग होते हैं। माता-पिता घर पर बड़ों की देखभाल करते हैं और कभी-कभी वे अपने बुजुर्ग पड़ोसियों से भी मिलते हैं।

इसलिए माता-पिता को ऐसी गतिविधियों में बच्चों को शामिल करना चाहिए। उन्हें बुजुर्ग लोगों के साथ बैठकर बात करने को कहें। अगर कोई बीमार है तो बच्चों को उनके लिए कार्ड बनाने के लिए प्रोत्साहित करें।

बच्चों के हाथ के बने हुए कार्ड को देखकर बुजुर्गों को बहुत अच्छा महसूस होता है।

यह बच्चों को अन्य लोगों के प्रति दयालुता और सहानुभूति सीखने में मदद करता है, विशेष रूप से वृद्ध और बीमार लोगों के लिए।

2. उन्हें फैमिली फंक्शन में ले जाएं:

बच्चों को  पारिवारिक समारोह में अवश्य साथ में ले जाएं।

उन्हें बच्चों के नृत्य आयोजन में, मेज़बान घर में भोजन तैयार करने जैसी गतिविधियों में भाग लेने के लिए कहें।

यह उन्हें दूसरों को जानने और समूहों और टीम वर्क में काम करने में सक्षम बनाता है।

उन्हें पारिवारिक परंपराओं के बारे में भी जानकारी होती है।

3. उन्हें परिवार की संस्कृति और परिवार के लोगों के बारे में बताएं:

जब उन्हें अपने रिश्तेदारों के जीवन के बारे में पता चलता है, वे बड़े समुदाय से जुड़ाव महसूस करते है,

बच्चों को खुद की पहचान अच्छी लगती है।

अपनी संस्कृति और परंपराओं के बारे में सीखते हैं ।

एक बड़े समुदाय से जुड़ाव महसूस करते है।

धीरे-धीरे उनके अंदर परिवार के सदस्यों और रिश्तेदारों के प्रति जिम्मेदारी की भावना विकसित होती हैं।

4. जिम्मेदार लोगों की प्रेरक कहानियाँ पढ़ें:

महान लोगों की कुछ प्रेरक कहानियों की किताबें खरीदें। बच्चे कहानियों के माध्यम से जीवन में जिम्मेदारी के महत्व को आसानी से सीख सकते हैं।

“The greatest gifts you can give your children are the roots of responsibility and the wings of independence” Denis Waitley

Leave a Comment